कभी कभी लगता है
-
कविता
कभी कभी लगता है
की मंजिल सामने है
न जाने अब क्या होगा
की अब मंजिल से दूर हो गया
ये वक्त का दिन अब देखना पड़ता है
की मंजिल मिलेगा या नहीं ...
1 day ago
© Blogger templates Newspaper II by Ourblogtemplates.com 2008
Back to TOP
1 comments:
शुभकामनाऐं ।
Post a Comment